महिला को प्रताड़ित कर घर से निकालने के मामले में पति सहित तीन लोगों पर हुई प्राथमिकी दर्ज

महिला को प्रताड़ित कर घर से निकालने के मामले में पति सहित तीन लोगों पर हुई प्राथमिकी दर्ज

श्रीनारद मीडिया ;दीपक कुमार मिश्र,कटेया, गोपालगंज(बिहार)

गोपालगंज जिले के कटेया थाना क्षेत्र के मलपुरा गांव में दहेज में एक लाख रुपये की मांग नहीं पूरा किये जाने पर पीड़ित महिला को प्रताडि़त कर घर  बाहर निकालने के मामले में पीड़ित महिला ने पति सहित तीन लोगों पर थाने में नामजद प्राथमिकी दर्ज कराई है।
थाने में दिए तहरीर में शोभा देवी ने आरोप लगाया है कि 2 साल पहले मेरी शादी हिंदु रीति रिवाज के अनुसार मलपुरा गांव निवासी अमित उर्फ बूटन पर्वत के साथ हुई थी। शादी के तीन दिन बाद सास सुशीला कुंवर एवं ननद आशा देवी के द्वारा एक लाख रुपये की मांग की जाने लगी ।जब इस बात की जानकारी मेरे पिता विजयीपुर थाना क्षेत्र के भरपुरवा निवासी वीरेंद्र गिरी को हुई तो वे दौड़े दौड़े मेरे ससुराल आए और बोलने की मेरे पास इस समय रुपए नहीं रुपयों की व्यवस्था होते हीं कुछ आप लोगों को मदद कर दूंगा ।इसी बीच मेरे सभी गहनों को बंधक रखकर एक लाख रुपये लेकर पति विदेश चले गए।विदेश जाने के बाद मेरे पति अपनी मां और बहन से मुझे घर से निकालने के लिए बोलने लगे। इसी बीच मेरे सास एवं ननद ने मिलकर मुझे जलाने के लिए 10 लीटर मिट्टी का तेल मंगवाए। इस बात की जानकारी जब मैं अपने पिता को दी तो मेरे पिता ससुराल आए और मेरे सास व ननद को समझाने लगे लेकिन मेरी सास, ननद उनको गाली देने लगे और मेरे पति फोन पर उनको गाली देने लगे और मुझे घर से धक्का देकर बाहर कर दिए। मेरे पिता मेरे साथ घर चले आए।
वहीं मेरे पति अमित उर्फ बूटन पर्वत पिछले महीने घर आए हैं। लेकिन उनको मुझसे कोई मतलब नहीं है क्योंकि उनका किसी दूसरे औरत के साथ नाजायज संबंध है। जिसके कारण वह मुझे घर नही रखना चाहते हैं ।
पुलिस ने पीड़ित महिला के लिए तहरीर के आधार पर प्राथमिकी दर्ज कर मामले की तहकीकात शुरू कर दी।

shrinarad media

Leave a Reply

Next Post

आपातकाल, पुलिसिया कहर और जनता

Mon Jun 24 , 2019
आपातकाल, पुलिसिया कहर और जनता श्रीनारद मीडिया सेंट्रल डेस्क दिवस पर विशेष भारतीय लोकतंत्र के इतिहास में 25 जून 1975 में उस समय एक काला अध्याय जुड़ गया, जब देश की तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने सभी संवैधानिक व्यवस्थाओं, राजनीतिक शिष्टाचार तथा सामाजिक मर्यादाओं को ताक पर रखकर मात्र अपना राजनीतिक अस्तित्व और सत्ता […]
error: Content is protected !!