*फाइलेरिया उन्मूलन के लिए 10 फरवरी से सर्वजन दवा सेवन अभियान, सभी विभागों की सहभागिता जरूरी: डीएम*
*सभी विभागों और आमजन की सहभागिता से बनेगा जन-आंदोलन*
• *दवा खाली पेट नहीं लेने की सलाह*
• *घर-घर जाकर खिलायी जायेगी फाइलेरिया से बचाव की दवा*
श्रीनारद मीडिया, सीवान, (बिहार):

*फाइलेरिया मुक्त समाज की परिकल्पना को साकार करने के उद्देश्य से जिले में आगामी 10 फरवरी से सर्वजन दवा सेवन (एमडीए) अभियान की शुरुआत की जाएगी।*
इस अभियान के तहत घर-घर जाकर लोगों को फाइलेरिया से बचाव की दवा खिलाई जाएगी। अभियान के प्रभावी और सफल क्रियान्वयन को लेकर जिलाधिकारी विवेक रंजन मैत्रेय की अध्यक्षता में सिविल सर्जन कार्यालय सभागार में जिला समन्वय समिति की बैठक आयोजित की गई।
बैठक में जिलाधिकारी ने कहा कि एमडीए अभियान को सफल बनाने के लिए सभी विभागों की सक्रिय सहभागिता और आपसी समन्वय अत्यंत आवश्यक है। फाइलेरिया उन्मूलन केवल स्वास्थ्य विभाग की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि यह एक सामूहिक प्रयास है, जिसे जन-आंदोलन का रूप देना होगा। उन्होंने सभी विभागों को अपने-अपने स्तर से जिम्मेदारी निभाने और व्यापक प्रचार-प्रसार सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
सभी विभाग होंगे अभियान में सहभागी बैठक में स्वास्थ्य विभाग के साथ-साथ शिक्षा विभाग, आईसीडीएस, जीविका, नगर विकास, गव्य विकास, आईएएम, कल्याण विभाग, पंचायती राज विभाग के पदाधिकारी एवं सहयोगी संस्थाओं के प्रतिनिधि उपस्थित थे।
जिलाधिकारी ने कहा कि शिक्षा, जीविका, नगर निगम और पंचायती राज जैसे विभाग आपसी समन्वय से इस अभियान को गांव-गांव और वार्ड-वार्ड तक पहुंचाएं, ताकि कोई भी पात्र व्यक्ति दवा सेवन से वंचित न रहे।
*माइक्रो प्लान तैयार* :
स्वास्थ्य विभाग द्वारा जानकारी दी गई कि अभियान को लेकर जिला स्तर पर माइक्रो प्लान तैयार कर लिया गया है। इसके तहत दो वर्ष से कम उम्र के बच्चों, गर्भवती महिलाओं और गंभीर रूप से बीमार व्यक्तियों को फाइलेरिया की दवा नहीं खिलाई जाएगी।
शेष सभी पात्र लोगों को उम्र और ऊंचाई के आधार पर दवा दी जाएगी।
*विद्यालयों में भी चलेगा जागरूकता अभियान*
जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि विद्यालयों में बच्चों को फाइलेरिया से बचाव, दवा सेवन की उपयोगिता और सावधानियों के बारे में जानकारी दी जाए। अभियान के दौरान विद्यालयों में भी बच्चों को दवा खिलाई जाएगी,ताकि समाज में जागरूकता बढ़े और संक्रमण की श्रृंखला को तोड़ा जा सके।
*दवा सेवन को लेकर जरूरी सावधानियां*
स्वास्थ्य विभाग ने स्पष्ट किया कि अभियान के दौरान दवा का सेवन कभी भी खाली पेट नहीं करना चाहिए। दवा सेवन के बाद यदि किसी को हल्का बुखार, सिरदर्द या शरीर में दर्द जैसे लक्षण महसूस होते हैं, तो यह संक्रमण के कीटाणुओं के मरने का संकेत है। ऐसी स्थिति के त्वरित प्रबंधन के लिए जिले में रैपिड रिस्पांस टीम की तैनाती की गई है।
*अधिकारी रहे मौजूद*
बैठक में जिलाधिकारी के अलावा सिविल सर्जन डॉ. श्रीनिवास प्रसाद, डीएमओ डॉ. ओपी लाल, डीपीएम विशाल कुमार, जिला वेक्टर रोग सलाहकार नीरज कुमार सिंह सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी उपस्थित थे। जिलाधिकारी ने कहा कि हम सभी को अपने कर्तव्यों के प्रति दृढ़ संकल्पित होकर इस अभियान को सफल बनाना होगा, ताकि सीवान जिला फाइलेरिया मुक्त बन सके और आने वाली पीढ़ियों को इस बीमारी से सुरक्षित रखा जा सके।
*समुदाय की भूमिका होगी निर्णायक*
जिला समन्वय समिति की बैठक में जिलाधिकारी ने कहा कि इस अभियान में आशा,आंगनवाड़ी सेविका-सहायिका, जीविका दीदी, शिक्षक, वार्ड सदस्य, पंचायत प्रतिनिधि, स्वयंसेवी संगठन और स्थानीय जनप्रतिनिधि समुदाय स्तर पर सेतु की भूमिका निभाएंगे।
ये सभी लोग घर-घर जाकर दवा सेवन के लिए लोगों को प्रेरित करेंगे और भ्रांतियों को दूर करेंगे।
जिलाधिकारी ने कहा कि जब समुदाय स्वयं इस अभियान की जिम्मेदारी लेगा, तभी एमडीए अभियान शत-प्रतिशत सफल होगा और सीवान को फाइलेरिया मुक्त जिला बनाने का लक्ष्य साकार किया जा सकेगा।

