पटना हॉस्टल कांड में CID ने SIT की जांच पर सवाल उठाए हैं,क्यों?
सब बिके हुए हैं, सबको गड्डी मिली है…’ DGP से मुलाकात के बाद भड़कीं NEET छात्रा की माँ
श्रीनारद मीडिया सेंट्रल डेस्क
बिहार के पटना में नीट छात्रा मौत का मामला लगातार पेचीदा होता जा रहा है. ताजा अपडेट ये है सीबीआई ने एसआईटी के लिए गाइड लाइन जारी कर दिए हैं. पुलिस मुख्यालय से जुड़े आधिकारिक सूत्रों के मुताबिक, CID ने SIT को 59 अहम पॉइंट्स दिए हैं. जिसके आधार पर उन्हें जांच करने को कहा है. मिली जानकारी के अनुसार सीआईडी ने इस जांच पर सवाल उठाए हैं और केस को कई संभावित एंगल से दोबारा खंगालने का निर्देश दिया है.
CID की जांच का फोकस किन बिंदुओं पर?
CID ने एसआईटी को यह साफ कहा है कि यह मामला केवल आत्महत्या या दुर्घटना से जुड़ा नहीं हो सकता है. जांच उन पूरे घंटों के दौरान की होनी चाहिए जब से छात्रा 5 जनवरी को हॉस्टल में आई और उसके बाद उसे इलाज के लिए हॉस्पिटल भेजा गया. यानी जांच का केंद्र 5 जनवरी की रात 9:30 बजे से 6 जनवरी की दोपहर 2 बजे तक होना चाहिए. सीआईडी के अनुसार ये वही अवधि है जब हॉस्टल में सबसे ज्यादा संदिग्ध गतिविधियां रही होंगी.
वो सवाल, जिनका जवाब तलाश रही CID
सवाल नंबर 1 क्या छात्रा को हॉस्टल में ही नशे की गोलियां खिलाई गईं?
सवाल नंबर 2 घटना के दौरान करीब 17 घंटे का CCTV फुटेज आखिर कहां है?
सवाल नंबर 3 अगर सीसीटवी फुटेज नहीं हैं तो कैमरे क्यों बंद थे या किसके इशारे पर बंद रहे?
सवाल नंबर 4 छात्रा के कपड़ों पर मिला स्पर्म किसका है?
सवाल नंबर 5 हॉस्टल स्टाफ, सहपाठियों और बाहरी लोगों की मूवमेंट लॉग क्यों अधूरी है?
सवाल नंबर 6 मोबाइल, कॉल डिटेल्स और सोशल मीडिया चैट्स में कौन कौन लोग हैं?
सवाल नंबर 7 एफआईआर के बाद भी इस मामले पर तुरंत एक्शन क्यों नहीं लिया गया?
सवाल नंबर 8 मामले के तूल पकड़ने के बावजूद अब तक डिजिटल फॉरेंसिक जांच क्यों पूरी नहीं हुई?
हॉस्टल, परिवार और दोस्त सब जांच के घेरे में
CID की 59-पॉइंट गाइडलाइन में हॉस्टल प्रबंधन की भूमिका, जहानाबाद में रह रहे परिवार से जुड़े तथ्यों, छात्रा के दोस्तों और करीबी संपर्कों, और डिजिटल सबूतों को लेकर गंभीर आशंकाएं जाहिर की गई हैं. मिली जानकारी के अनुसार, CID ने पटना पुलिस और SIT की ओर से अब तक की गई जांच पर सवाल उठाए हैं. साथ ही, कई प्वाइंट ऐसे भी हैं जिस पर दोबारा वेरिफिकेशन और स्वतंत्र जांच के निर्देश दिए हैं.
क्या अब सामने आएगा पूरा सच?
59 सवालों वाली यह गाइडलाइन ये साफ संकेत देती है कि मामला जैसा दिख रहा था, उससे कहीं ज्यादा पेचीदा और संवेदनशील है. अब सबकी नजर इस पर है कि SIT इन निर्देशों पर कितनी गंभीरता से पालन करती है और क्या 17 घंटे का गायब CCTV और अन्य अहम सबूत सामने आ पाते हैं या नहीं. ऐसे में पाठकों के मन में उठता सवाल लाजमी है कि क्या नीट छात्रा की मौत के पीछे की सच्चाई कभी सामने आ पाएगी? या फिर यह केस भी फाइलों की तह में दब जाएगा?
पटना में NEET की तैयारी कर रही छात्रा की रहस्यमयी मौत के मामले में जांच अब निर्णायक मोड़ पर पहुंच गई है. विशेष जांच टीम (SIT) ने CCTV फुटेज और कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) के आधार पर 5 संदिग्धों को हिरासत में ले लिया है, जिनसे गहन पूछताछ की जा रही है. माना जा रहा है कि जिन संदिग्धों को हिरासत में लिया गया है, इन्हीं में से एक वो शख्स हो सकता है, जिसका स्पर्म छात्रा के कपड़े पर पाया गया है.
हिरासत में लिए गए संदिग्धों का होगा DNA टेस्ट
जानकारी के मुताबिक, छात्रा के कपड़ों पर जो मानव स्पर्म मिले हैं, वह इस मामले को सुलझाने में महत्वपूर्ण साबित होने वाले हैं. फॉरेंसिक जांच के दौरान साक्ष्यों का मिलान अब इन्हीं संदिग्धों से कराया जाएगा. इस प्रक्रिया के पूरी होते ही मामले की तस्वीर साफ हो सकती है.
POCSO एक्ट के तहत दर्ज हो चुका है मामला
NEET Student Death के मामले में जांच कर रही पुलिस ने इस मामले को POCSO एक्ट के तहत दर्ज चुकी है. इससे जांच की गंभीरता और बढ़ गई है. पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में छात्रा की उम्र 17 से 18 साल ही बताई जा रही है. ऐसे में यह मामला और गंभीर हो गया है.
पॉक्सो की वजह से पुलिस सतर्क
इस सनसनीखेज मामले में SIT की पूछताछ में अब कई अहम इनपुट सामने आए हैं. मगर पुलिस इस मामले में काफी सतर्कता बरत रही है. क्योंकि मामला पोक्सो से जुड़ा है ऐसे में पुलिस बिना पुख्ता सबूत को कोई जल्दबाजी नहीं करना चाहती है. पुलिस को जो स्पर्म मिला है वह भी 18 से 21 साल के युवक का बताया जा रहा है. ऐसे में पुलिस घटनाक्रम से जुड़े अहम हाथ लग चुके हैं. माना जा रहा है जल्द चौंकाने वाले खुलासे हो सकते हैं.
अगली रिपोर्ट पर टिकी सबकी निगाह
फिलहाल पूरे मामले पर पुलिस और प्रशासन की पैनी नजर बनी हुई है. NEET जैसी राष्ट्रीय स्तर की परीक्षा की तैयारी कर रही छात्रा की मौत ने न सिर्फ परिजनों, बल्कि पूरे राज्य को झकझोर कर रख दिया है. अब सभी की निगाहें SIT की अगली कार्रवाई और फॉरेंसिक रिपोर्ट पर टिकी हैं.

