आशा और एएनएम के प्रयासों से बदली गांवों की सोच, गृह प्रसव से संस्थागत प्रसव की ओर सफर
आशा और एएनएम के प्रयासों से बदली गांवों की सोच, गृह प्रसव से संस्थागत प्रसव की ओर सफर श्रीनारद मीडिया, पंकज मिश्रा, अमनौर, सारण (बिहार): 000000 छपरा : “पहले हम सोचते थे कि घर में ही प्रसव हो जाए तो ठीक है। अस्पताल जाने से डर लगता था। लेकिन आशा दीदी ने बार-बार समझाया कि…
