भोजपुर में बाइक पर घूम रहे थे 3 हथियारबंद बदमाश, चेकिंग में पकड़ाए फर्जी लाइसेंस के साथ

भोजपुर में बाइक पर घूम रहे थे 3 हथियारबंद बदमाश, चेकिंग में पकड़ाए फर्जी लाइसेंस के साथ

श्रीनारद मीडिया, स्‍टेट डेस्‍क:

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बिहार के भोजपुर जिले में बहोरनपुर और सहार थाना पुलिस ने संयुक्त रूप से कार्रवाई करते हुए अवैध हथियारों के साथ तीन अपराधियों को गिरफ्तार किया है. बहोरनपुर थाना क्षेत्र के गौरा बाजार और सहार थाना क्षेत्र के मुदफ्फरपुर गांव में अलग-अलग जगहों पर हुई कार्रवाई में पुलिस ने देसी रिवॉल्वर, नौ जिंदा कारतूस, दो मोबाइल और एक बाइक जब्त की है.

 

पकड़े गए अपराधियों में एक पूर्व में जेल जा चुका है, जबकि एक से फर्जी लाइसेंस से जुड़े सुराग भी मिले हैं.बाइक पर हथियार लेकर जा रहे थे दो बदमाश बहोरनपुर थानाध्यक्ष सुशांत कुमार को गुप्त सूचना मिली कि दो युवक बाइक से अवैध हथियार ले जा रहे हैं. सूचना की पुष्टि के बाद गौरा बाजार में वाहन जांच अभियान चलाया गया.

 

जांच के दौरान दो युवक पुलिस को देखकर बाइक मोड़कर भागने लगे, लेकिन मुस्तैद जवानों ने उन्हें दबोच लिया। तलाशी के दौरान उनके पास से एक देसी रिवॉल्वर, नौ जिंदा कारतूस और दो मोबाइल फोन मिले. साथ ही बाइक भी जब्त की गई.तीसरा आरोपी सहार से गिरफ्तार, पहले भी जा चुका है जेल पूछताछ में दोनों युवकों अरविंद यादव और गुड्डू यादव, जो दामोदरपुर गांव के निवासी हैं उन्होंने कबूल किया कि उन्हें हथियार मुजफ्फरपुर गांव के अमरेन्द्र सिंह ने दिया था. पुलिस ने निशानदेही पर सहार थाना क्षेत्र के मुदफ्फरपुर गांव में छापेमारी कर अमरेन्द्र सिंह को भी गिरफ्तार कर लिया.

 

थानाध्यक्ष ने बताया कि अमरेन्द्र पूर्व में भी जेल जा चुका है और उसकी आपराधिक पृष्ठभूमि की जांच की जा रही है.फर्जी लाइसेंस का सुराग, जांच में जुटी पुलिस गिरफ्तार गुड्डू यादव के मोबाइल से एक फर्जी आर्म्स लाइसेंस की कॉपी बरामद हुई है. पुलिस इस एंगल से भी जांच कर रही है कि जिले में अवैध तरीके से लाइसेंस बनवाकर हथियारों की खरीद-बिक्री तो नहीं हो रही है. तीनों आरोपियों पर बहोरनपुर थाने में आर्म्स एक्ट के तहत प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है.

 

थानाध्यक्ष ने बताया शातिर गिरोह से जुड़े हो सकते हैं तार थानाध्यक्ष सुशांत कुमार ने बताया कि तीनों आरोपियों से कड़ाई से पूछताछ की जा रही है. शुरुआती जांच में लग रहा है कि ये किसी बड़े शातिर गिरोह से जुड़े हो सकते हैं, जो जिले में अवैध हथियारों की सप्लाई करते हैं. पुलिस उनके पुराने आपराधिक रिकॉर्ड और नेटवर्क की जांच में भी जुट गई है.

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