लालू यादव की असली पार्टी जनशक्ति जनता दल-तेज प्रताप
श्रीनारद मीडिया सेंट्रल डेस्क

पटना की राजनीति में बुधवार को दही-चूड़ा भोज के बहाने बड़ा सियासी संदेश देखने को मिला. जनशक्ति जनता दल के प्रमुख तेज प्रताप यादव ने अपने आवास पर दही-चूड़ा भोज का आयोजन किया. इस कार्यक्रम में उनके पिता और आरजेडी सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव भी पहुंचे. लालू की मौजूदगी ने सियासी हलचल और तेज कर दी.
हालांकि, इस भोज में अब तक तेजस्वी यादव और राबड़ी देवी नहीं पहुंचे हैं. इसे लेकर सवाल उठने लगे. तेज प्रताप ने इस पर चुटकी लेते हुए कहा कि तेजस्वी उनके छोटे भाई हैं. वह थोड़ा देर से उठते हैं. इसलिए आने में समय लग रहा है. तेज प्रताप ने दावा किया कि तेजस्वी जरूर आएंगे. संजय यादव को इशारा करते हुए उन्होंने कहा कि जयचंदवा अभी घेरा होगा. तेज प्रताप ने कहा कि वह रात 9 बजे तक तेजस्वी का इंतजार करेंगे.
तेज प्रताप ने किया बड़ा दावा
दही-चूड़ा भोज के दौरान तेज प्रताप यादव ने कई बड़े और चौंकाने वाले राजनीतिक बयान दिए. उन्होंने कहा कि तेजस्वी यादव को आरजेडी का जनशक्ति जनता दल में विलय कर देना चाहिए. तेज प्रताप ने दावा किया कि लालू यादव की असली पार्टी जनशक्ति जनता दल है. इसी कारण लालू यादव उनके भोज में पहुंचे हैं.
खरमास बाद मंत्री बनेंगे तेज प्रताप?
तेज प्रताप ने खुद के राजनीतिक भविष्य को लेकर भी खुलकर बात की. NDA में शामिल होने की उनकी चर्चा तेज है. इस पर पत्रकारों ने जब उनसे सवाल पूछा कि आप खरमास बाद मंत्री बनेंगे. इस पर उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री बनाएंगे या एमएलसी, यह फैसला वे लोग करेंगे. समय आने पर सब तय हो जाएगा.
बंगाल में भी चुनाव लड़ेगी जनशक्ति जनता दल
तेज प्रताप यादव ने चुनाव को लेकर भी बड़ा ऐलान किया. उन्होंने कहा कि जनशक्ति जनता दल बंगाल विधानसभा चुनाव लड़ेगी. उनकी पार्टी ममता बनर्जी के खिलाफ मैदान में उतरेगी. इसके साथ ही उन्होंने कहा कि बिहार में होने वाले एमएलसी चुनाव में भी उनकी पार्टी अपने उम्मीदवार उतारेगी.
यहीं नहीं, तेज प्रताप ने आगामी राजनीतिक रणनीति का भी संकेत दिया. उन्होंने कहा कि जल्द ही वह पूरे बिहार की यात्रा पर निकलेंगे. यात्रा की तारीख और कार्यक्रम की जानकारी बाद में दी जाएगी. इस यात्रा के जरिए वह लोगों से सीधा संवाद करेंगे.
दिल्ली में भी चुनाव लड़ेगी तेज प्रताप की पार्टी
तेज प्रताप यादव ने दिल्ली की राजनीति पर भी नजर होने की बात कही. उन्होंने कहा कि दिल्ली नगर निगम का चुनाव भी जनशक्ति जनता दल लड़ेगी. उनके इन बयानों से साफ है कि तेज प्रताप अब राष्ट्रीय स्तर पर अपनी राजनीतिक मौजूदगी दर्ज कराने की तैयारी में हैं. अब सबकी नजर इस पर टिकी है कि क्या तेजस्वी यादव इस भोज में पहुंचते हैं या नहीं.
बिहार में दही-चूड़ा भोज हमेशा से सियासत में नई लकीरें खींचने वाला रहा है। इस साल भी कुछ ही ऐसा ही देखने को मिल रहा है। इसी क्रम में जनशक्ति जनता दल के संस्थापक और राजद सुप्रीमो लालू यादव के बेटे तेज प्रताप यादव दही-चूड़ा भोज के बहाने एक बार फिर परिवार से लेकर विपक्षी नेताओं के भी दिलों में अपनी जगह बनाने के प्रयास करते नजर आ रहे हैं।
बुधवार 14 जनवरी मकर संक्रांति के पर्व के मौके पर पटना स्थित तेज प्रताप यादव के आवास पर बड़े-बड़े नेताओं का जमावड़ा लगा। इसमें उनके पिता राष्ट्रीय जनता दल के प्रमुख लालू यादव से लेकर प्रदेश के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान भी पहुंचे।
तेज प्रताप के घर जुटे ये दिग्गज
लालू प्रसाद और राज्यपाल के अलावा, तेज प्रताप के घर आनंद मोहन और उनके बेट चेतन आनंद पहुंचे। आनंद मोहन शिवहर से पूर्व सांसद हैं। वहीं, चेतन आनंद नबीनगर से विधायक हैं।
बिहार बीजेपी के दिग्गज नेता और नीतीश सरकार में डिप्टी सीएम विजय कुमार सिन्हा भी दही-चूड़ा भोज के लिए तेज प्रताप के आवास पहुंचे। बता दें कि जब पिछले दिनों तेज प्रताप डिप्टी सीएम विजय सिन्हा से मिले थे, तब सियासी अटकलों का दौर शुरू हो गया था।
तेज प्रताप के दही-चूड़ा प्रोग्राम में उनके मामा साधु यादव भी पहुंचे। कार्यक्रम में पहुंचे साधु यादव ने कहा है कि परिवार को एक रहना चाहिए।
तेज प्रताप के कार्यक्रम में उनके बड़े मामा प्रभुनाथ यादव भी पहुंचे। उन्होंने कहा, “मैं अपने भांजे को आशीर्वाद देने दही-चूड़ा की दावत में आया हूं, ताकि वह तरक्की करे और लोगों की सेवा करे। मैं अपने बड़े भांजे को आशीर्वाद देने आया हूं। पूरा परिवार इकट्ठा होगा।”

