नेशनल लोक अदालत में 1175 मामलों का हुआ निष्पादन
* इसमें बैंकों के कुल 584 एवम न्यायालयों में लम्बित आपराधिक वाद के 258 मामले शामिल हैं
श्रीनारद मीडिया, डॉ0 विजय पांडेय, सीवान (बिहार):

राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकार नई दिल्ली के निर्देशानुसार व्यवहार न्यायालय परिसर में नेशनल लोक अदालत का भव्य आयोजन किया गया।जिसमें कुल 1175 मामलों का निष्पादन सुलह समझौते के आधार पर किया गया ।जिसमें विभिन्न बैंको के कुल 584 ,न्यायालयों में लम्बित आपराधिक मामलों के 258,ट्रैफिक मामलों के 173,एक्सक्यूटिव के 20,एनआईए के 1,ग्राम कचहरी के 134,वैवाहिक के 2,बीएसएनल के 2,लेबर के 1मामलों का निष्पादन हुआ ।वहीं विभिन्न मामलों में 7 लाख 48 हजार 8 सौ रुपये नकद राशि भी वादकारियों ने जमा कर अपने मामलों का निष्पादन कराया।

नेशनल लोक अदालत के उद्घाटन समारोह में सर्वप्रथम प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश मोतीश कुमार सिंह, पुलिस अधीक्षक पी के झा एवं जिला विधिज्ञ संघ के अध्यक्ष शंभू दत्त शुक्ला सचिव नवेन्दु शेखर दीपक ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित वादकारियों से पवित्र मन के साथ अपने-अपने वादों का सुलह समझौता के आधार पर निष्पादन करने की अपील की । उन्होंने कहा कि यह अवसर हम लोगों के लिए मुकदमा के चक्कर से मुक्त कर विकास के रास्ते पर लाने में सहायक है। इसलिए हमें बढ़ चढ़कर इसमें भाग लेना चाहिए और अपने लंबित मुकदमों का निष्पादन कराकर जीवन में विकास के कार्यों की तरफ अग्रसर होना चाहिए।
नेशनल लोक अदालत में मामलों के निष्पादन के लिए कुल 16 न्यायिक बैंकों का गठन किया गया था जिसमें परिवार न्यायालय के प्रधान जज मनोज कुमार 2, जिला एवं सत्र न्यायाधीश उमेश मणि त्रिपाठी, जिला एवं सत्र न्यायाधीश राजेश कुमार द्विवेदी,उत्पाद, जिला एवं सत्र न्यायाधीश मोनीष सिंह, सीजेएम संजीव कुमार पांडे,
एसीजीएम हिना मुस्तफा , एसीजे एम मनोज कुमार , एसीजेएम नीतीश कुमार पंजियार, एसीजेएम नेहा त्रिपाठी, एसीजेएम कंचन यादव, मुंशी कमलेश कुमार सिंह, न्यायिक दंडाधिकारी कुमारी सुलोचना, न्यायिक दंडाधिकारी अनामिका डागर, न्यायिक दंडाधिकारी अश्विनी कुमार राय, न्यायिक दंडाधिकारी यतेंद्र सिंह, एवं न्यायिक दंडाधिकारी नूपुर प्रियदर्शी सहित पैनल अधिवक्ता उपस्थित हो कर मामलों का निष्पादन सुनिश्चित किया।
कार्यक्रम का संचालन एवम लोक अदालत की सफलता के लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव सह न्यायाधीश सुनील कुमार सिंह की भूमिका काफी महत्वपूर्ण रही।
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